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तुम्हारे प्यार की अहमियत वर्षों बाद पहचान पाया हूं

तुम्हारे प्यार की अहमियत वर्षों बाद पहचान पाया हूं तुम्हारे प्यार से अपनी जिंदगी का गुजारा हो रहा है

वक्त की नजाकत को देखते हुए धीरे-धीरे सफलता की सीढ़ियों पर कदम रखने लगा हूं

Shayari sangha Gorakhpur


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